Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ के अधिक सà¥à¤¤à¤° से हो सकती हैंं कई दिकà¥à¤•तें
खून की कमी की समसà¥à¤¯à¤¾ को à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ कहते हैं लेकिन शरीर में रकà¥à¤¤ की मातà¥à¤°à¤¾ जरूरत से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ होना à¤à¥€ à¤à¤• बीमारी है, जिसका नाम है पॉलिसाइथीमिया। शरीर में रकà¥à¤¤ का जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ होना à¤à¥€ बीमारी का कारण बन जाता है। इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में रकà¥à¤¤ गाढ़ा हो जाता है। यदि इसकी पहचान और इलाज समय पर न किया जाठतो सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ संबंधी दिकà¥à¤•तें शà¥à¤°à¥‚ हो जाती हैं। रकà¥à¤¤ के थकà¥à¤•े बनना अहम है।
हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨
हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ की मातà¥à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤‚ में 15-16 पà¥à¤°à¤¤à¤¿ डेसिलीटर और महिलाओं में 14-15 पà¥à¤°à¤¤à¤¿ डेसिलीटर होती है। यह अधिकतम सीमा से à¤à¥€ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ हो तो रकà¥à¤¤ में गाढ़ापन बढऩे लगता है। इससे होने वाली दिकà¥à¤•त को पॉलिसाइथीमिया कहते हैं।
शरीर में रकà¥à¤¤ बनाने की पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ में गड़बड़ी
रकà¥à¤¤ में हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ बढऩे की वजह बोनमैरो यानी असà¥à¤¥à¤¿à¤®à¤œà¥à¤œà¤¾ में रकà¥à¤¤ बनने में गड़बड़ी होना है। इसमें हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ बढऩे को पà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤®à¤°à¥€ पॉलिसाइथीमिया कहते हैं। कोई अनà¥à¤¯ रोग से जब यह समसà¥à¤¯à¤¾ होती है तो इसे सेकेंडरी पॉलिसाइथीमिया कहते हैं। इससे हारà¥à¤Ÿ व बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤• जैसी दिकà¥à¤•तें हो सकती हैं।
नाक और आंतोंं में बà¥à¤²à¥€à¤¡à¤¿à¤‚ग à¤à¥€ हो सकती
हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ बढऩे से गाल, चेहरा लाल होना, सà¥à¤¨à¤¾à¤¨ के बाद हाथ-पैरों में खà¥à¤œà¤²à¥€, सिर घूमना, थकान, पेट दरà¥à¤¦ à¤à¥€ हो सकता है। नाक व आंतों से बà¥à¤²à¥€à¤¡à¤¿à¤‚ग हो सकती है। इसकी पहचान के लिठरकà¥à¤¤ की जांच करते हैं।
इस तरह से शरीर को दिकà¥à¤•त करता है
कई बीमारियों में शरीर को आवशà¥à¤¯à¤•तानà¥à¤¸à¤¾à¤° ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨ नहीं मिलती है तो इससे सायनोटिक हारà¥à¤Ÿ डिजीज, सीओपीडी (कà¥à¤°à¥‰à¤¨à¤¿à¤• ऑबà¥à¤¸à¤Ÿà¥à¤°à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µ पलà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤°à¥€ डिजीज), कà¥à¤°à¥‰à¤¨à¤¿à¤• ऑबà¥à¤¸à¤Ÿà¥à¤°à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µ सà¥à¤²à¥€à¤ª à¤à¤ªà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ जैसी दिकà¥à¤•तें शà¥à¤°à¥‚ हो सकती हैं। इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में शरीर अधिक हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ तैयार कर ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨ की आपूरà¥à¤¤à¤¿ करने की कोशिश करता है। यह दिकà¥à¤•त कई बार किडनी, लिवर कैंसर में à¤à¥€ होती है। साथ ही कई बार धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨, पà¥à¤°à¤¦à¥‚षण, कम ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨ वाली जगहों पर काम करने से दिकà¥à¤•त होती है।
| --------------------------- | --------------------------- |